ग्वालियर, 10 सितंबर केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि एक शिक्षक ही है, जो बच्चों माता पिता के बाद संस्कार, संस्कृति और सिद्धांत देने का कार्य करता है। जितने संस्कार माता पिता देते हैं, उससे कई ज्यादा संस्कार गुरुजन देते हैं। इसलिए हमारे समाज में गुरुजनों को पूजनीय कहा गया है। गुरुओं के कंधों पर परिवार, शहर, राज्य का ही नहीं, सम्पूर्ण देश के भविष्य के निर्माण का जिम्मा है। शिक्षक नये भारत का निर्माण करने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
केन्द्रीय मंत्री सिंधिया रविवार को ग्वालियर के सहयोग गार्डन रमटापुरा तानसेन नगर में आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने समारोह में 800 से अधिक निजी स्कूलों के शिक्षकगण एवं अतिथि शिक्षकों का सम्मान किया। इस अवसर पर जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर समेत अन्य जनप्रतिनिधि व बडी संख्या में शिक्षकगण उपस्थित रहे।
सिंधिया ने कहा कि छात्र या व्यक्ति के लिए शिक्षक भगवान स्वरूप होते हैं। भगवान ने इस पृथ्वी पर देवी देवताओं के तीन रूप बनाये हैं, जिनमें पहला है जानदाता, जो दूसरों की जिंदगी बचाने का कार्य करता है, वह डॉक्टर है। दूसरा है ज्ञानदाता, जो हमें अच्छे और सच्चे मार्ग पर चलना सिखाते हैं, वह शिक्षक और तीसरा है अन्न दाता, जो हमें भोजन उपलब्ध कराता है वह है किसान। इन तीनों का हमेशा हमें सम्मान करना चाहिए। इन तीनों की हमारे जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका है।
जल संसाधन मंत्री सिलावट ने इस अवसर पर कहा कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह आपकी चिंता करते हैं, इसलिए अतिथि शिक्षकों का मानदेय दुगना कर दिया है, साथ ही प्रत्येक महीने होने वाले अनुबंध को पूरे वर्ष के लिए कर दिया है। इसके साथ ही शिक्षकों की भर्ती में भी 50 प्रतिशत सीटें आरक्षित कर दी गई हैं। हमारी सरकार जो कहती है, वह करती है। आज शिक्षकों का सम्मान करके मैं अभिभूत हूं।
ऊर्जा मंत्री तोमर ने कहा कि उपनगर ग्वालियर का समग्र विकास किया जा रहा है। अब ग्वालियर बदल रहा है और इस बदलते ग्वालियर में आप सभी का प्रयास अतुलनीय है। उपनगर में सबसे ज्यादा सुधार शिक्षा व स्वास्थ्य में हुआ है जिसका लाभ आमजन को भरपूर मिल रहा है। दो-दो सीएम राइज स्कूल तो बन ही रहे हैं, इसके साथ ही स्मार्ट स्कूल शिक्षा नगर में बनाया जा रहा है। इसके साथ ही सिविल अस्पताल का उन्नयन तो हुआ ही है साथ ही बिरला नगर प्रसूति गृह का नवीन भवन बनकर तैयार हो चुका है। इसके साथ ही एलिवेटेड रोड, अंतरराजीय बस स्टेंड, खेल गांव का निर्माण कार्य चालू है।
