नई दिल्ली, 29 जनवरी । भारत शनिवार (31 जनवरी) को यहां आयोजित अरब के विदेश मंत्रियों की बैठक की मेजबानी करेगा। भारत और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की संयुक्त अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में अरब लीग के सभी 22 सदस्य देशों के विदेश मंत्री और महासचिव शामिल होंगे।
विदेश मंत्रालय के अनुसार यह बैठक भारत-अरब साझेदारी को नई दिशा देने वाला सबसे बड़ा संस्थागत मंच है। इसमें अर्थव्यवस्था, ऊर्जा, शिक्षा, मीडिया और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा होगी। बैठक से एक दिन पहले, 30 जनवरी को चौथी भारत-अरब वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक भी आयोजित की जाएगी।
भारत और अरब देशों के बीच यह विदेश मंत्रियों की दूसरी बैठक है। पहली बैठक 2016 में बहरीन में हुई थी, जिसमें सहयोग के पांच प्रमुख क्षेत्रों की पहचान की गई थी। दस साल बाद हो रही इस बैठक से उम्मीद है कि भारत और अरब देशों के बीच रिश्ते और गहरे होंगे और नए क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ेगी।
उल्लेखनीय है कि भारत और अरब लीग के बीच औपचारिक संवाद की प्रक्रिया मार्च 2002 में शुरू हुई थी। इसके बाद 2008 में अरब-भारत सहयोग मंच बनाया गया और 2013 में इसमें संशोधन किया गया। भारत अरब लीग का पर्यवेक्षक सदस्य है, जिसमें कुल 22 देश शामिल हैं। यह पहली बार है जब भारत इस बैठक की मेजबानी कर रहा है।
