रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कल नई दिल्ली में प्रथम भारतीय सैन्य धरोहर उत्सव की शुरूआत की। दो दिन के इस कार्यक्रम का उद्देश्य संवाद, कला, नृत्य, नाटक, कथावाचन और प्रदर्शनी के माध्यम से भारत की समृद्ध सैन्य संस्कृति और धरोहर की ओर ध्यान आकर्षित करना है। इसका उद्देश्य इस समारोह को हमारे सैन्य इतिहास और धरोहर तथा 21वीं सदी में सशस्त्र बलों के विकास लक्ष्यों को पूरा करने संबंधी चर्चा का एक महत्वपूर्ण आयोजन बनाना है। आयोजन के दौरान सुरक्षा, रणनीति और अंतर्राष्ट्रीय सम्बंधों के मामले में भारत और विश्व से जुडे समकालीन मुद्दों पर चर्चा होगी।
रक्षामंत्री ने संवाददाताओं को बताया कि कार्यक्रम के दौरान पिछले कुछ दशकों में राष्ट्रीय सुरक्षा में सशस्त्र बलों के असाधारण शौर्य और महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाया जा रहा है जिससे युवाओं को प्रेरणा मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस आयोजन से युवाओं को भारतीय सेना और उनकी बहादुरी को करीब से समझने का मौका मिलेगा।
श्री राजनाथ सिंह ने इस अवसर पर उद्भव परियोजना की शुरूआत की। इसका उद्देश्य पारम्परिक रणनीति कौशल का आधुनिक सैन्य कौशल के साथ समावेश कर सकने की संभावनाओं पर विमर्श करना है।
