मोदी के कार्यकाल में आर्थिक क्षेत्र में कितना सशक्त हुआ भारत, चौंकाने वाले हैं आंकड़े
Date : 17-May-2024
केंद्र में देश की जनता किसे चुनने जा रही है यह कुछ दिनों में साफ हो जाएगा, किंतु जिस तरह से कांग्रेस समेत समूचे विपक्ष ने भाजपा की केंद्र सरकार और पीएम मोदी को आर्थिक क्षेत्र को आधार बनाकर घेरना जारी रखा है उसने आज पिछली मनमोहन सरकार और मोदी सरकार के कार्यकाल के तुलनात्मक अध्ययन के लिए प्ररित जरूर किया है । कांग्रेस का आरोप है कि मोदी सरकार के कार्यकाल में देश में बेरोजगारी की दर बढ़ी है और जनता परेशान है। किंतु क्या यह सच है? तब इस स्थिति में आंकड़ों के आधार पर अध्ययन और उससे प्राप्त निष्कर्ष अवश्य देखे जाने चाहिए।
आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कही इस बात को सभी को समझना होगा कि ‘इस देश में पहले ऐसा था कि सब गरीब थे, अब आप कहते हैं कि सब अमीर होने चाहिए, तो ये धीरे-धीरे ही होगा। रातोरात तो नहीं होगा। थोड़े लोग ऊपर आएंगे, वो नीचे वालों को ऊपर लाएंगे, वो और ऊपर आएंगे तो नीचे के लोग ऊपर जाएंगे, यह एक प्रोसेस होती है या तो हम तय कर लें कि हम सब गरीब रहना चाहते हैं। हमें कोई जरूरत नहीं है। दूसरा रास्ता ये है कि हम कोशिश करें कि आगे बढ़ें। आज दस आगे बढ़ेंगे, कल 100 बढ़ेंगे, फिर 500 बढ़ेंगे। पहले हमारे देश में कुछ सैकड़ों स्टार्टअप थे, और अब सवा लाख हैं। पहले हवाई जहाज में बैठने वाले लोगों की संख्या कम थी, आज एक हजार नए हवाई जहाज का ऑर्डर देना पड़ा है। आज बद्रीनाथ, केदारनाथ की यात्रा के लिए जो लोग जा रहे हैं, वो संख्या करोड़ों में पहुंच गई है। भारत के लोग शादी के लिए विदेश में जा रहे हैं। अगर पहले की तरह पांच ही अमीर लोग होते, तो इतनी शादी विदेश में कैसे करवाना संभव होता। पहले रिलीजियस टूरिज्म था, अब उन्होंने वेडिंग के लिए उसके साथ थोड़ी फैसिलिटी बढ़ाई, तो ऑफ सीजन में उनको फायदा हुआ है। आर्थिक स्तर पर देश में हर जगह आप विकास होता देख सकते हैं’ ।
लेखक - डॉ. मयंक चतुर्वेदी