देहरादून, 27 जून । केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने देहरादून रीजन के दसवीं और बारहवीं की 10 स्कूलों की मान्यता समाप्त कर दी है। आगे भी अन्य ऐसे स्कूलों पर बोर्ड की नजर है। उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के यह सभी स्कूल प्रोविजनल मान्यता पर चल रहे थे। इन स्कूलों की ओर से मान्यता के मानकों को पूरा नहीं किया जा रहा था।
सीबीएसई के संयुक्त सचिव एफीलिएशन की और से इन सभी स्कूलों की मान्यता रद्द करने के आदेश जारी किए गए हैं। इन स्कूलों में से कुछ स्कूल पिछले कुछ सालों से बोर्ड परीक्षाएं नियमित तौर आयोजित नहीं होना मान्यता शर्तों का उल्लंघन है।
सीबीएसई दून रीजन के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. रणवीर सिंह ने बताया कि पिछले तीन सालों से 09 से लेकर 12 तक के छात्र नहीं थे। जो स्कूल बच्चों को बोर्ड परीक्षा के लिए स्पांसर नहीं कर पा रहे हैं, जिनमें बच्चे नहीं है, उनमें कारण क्या है। उसी कारण से इन दस स्कूलों का मान्यता खत्म कर दिये। जो भी स्कूल गलत तरीके अपने काम करेगा उसके खिलाफ काम किया जाएगा। उत्तराखंड के 07 और पश्चिमी यूपी के 03 स्कूलों की मान्यता खत्म हुई है। कुछ स्कूल तो पिछले कुछ समय से रेगुलर चली भी नहीं रहे थे और मानकों पर वो खरा नहीं उतरें। इसके अलावा अन्य स्कूल भी गलत तरीके से संचालित हो रहे हैं, उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
स्कूलों की मान्यता खत्म-
बीर शीबा रेजिडेंशियल स्कूल, किच्छा, यूएसनगर,स्प्रिंग डेल स्कूल, काठगोदाम, हल्द्वानी,बाल भारती सीनियर सेकेंड्री स्कूल, रानीपुर, हरिद्वार,न्यू हॉरिजन इंटरनेशनल स्कूल, मालसी, देहरादून,गणेश दत्त सरस्वती विद्या मंदिर, उत्तरकाशी,आरएमपी स्पोर्ट्स एकेडमी, नारसन, हरिद्वार,श्री डीडी छिनवाल पब्लिक स्कूल, रामनगर, नैनीताल हैं। यूपी के रामशरण सिंह विद्यालय, बिजनौर,परम पब्लिक स्कूल, नजीबाबाद रोड, बिजनौर, देव ऋषि विद्यापीठ, शाहदाबीर, शाहपुर, मुजफ्फरनगर शामिल हैं।
