भोपाल, 17 जून । मध्य प्रदेश में सर्वाधिक रोजगार सृजन में सक्षम सू्क्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के लिए और राज्य शासन की एमएसएमई सहित अन्य उद्योग मित्र नीतियों पर केन्द्रित एमपी एमएसएमई समिट-2023 का आयोजन सोमवार को भोपाल के आमेर ग्रीन परिसर में होगा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के मुख्य आतिथ्य में आयोजित इस सम्मेलन में केन्द्रीय स्वास्थ्य और उर्वरक मंत्री मनसुख मांडविया विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को अपने निवास कार्यालय स्थित समत्व भवन में हुई बैठक में 19 जून को "आर्थिक विकास के शुभ संयोग-मध्यप्रदेश के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग" पर होने वाली समिट-2023 की तैयारियों की समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि प्रदेश में उद्यमशील संस्कृति को बढ़ावा देने और नवाचार की भावना को विकसित करने में एमपी एमएसएमई समिट-2023 सहायक सिद्ध होगी। इसमें शामिल होने वाले उद्यमियों, विषय-विशेषज्ञों से प्रदेश के युवाओं को उद्यमिता के लिए मार्गदर्शन प्राप्त होगा और वे विभिन्न क्षेत्रों में नई संभावनाओं से परिचित भी हो सकेंगे। समिट में एमएसएमई के लिए टेक्नालॉजी ट्रांसफर, न्यू एज फाइनेंस, अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा, महिला उद्यमिता को प्रोत्साहन और डिजिटल रूपांतरण विषयों पर विशेष-सत्र होंगे। बैठक में प्रदेश के एमएसएमई मंत्री ओमप्रकाश सकलेचा उपस्थित रहे।
एमएसएमई अवार्ड से सम्मानित होंगे उद्यमी और उद्योगपति
बैठक में बताया गया कि भोपाल में नर्मदापुरम रोड स्थित आमेर ग्रीन्स में सुबह 9:30 बजे से होने वाली समिट में लगभग 1000 प्रतिभागी शामिल होंगे। इसमें उद्यमी एवं उद्योगपति, उद्योग संघ पदाधिकारी, स्टार्ट अप से जुड़े व्यक्ति और विद्यार्थी शामिल होंगे। वाल्मार्ट और एनएसई इंडिया के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर भी होंगे। साथ ही वर्ष 2018-।9, 2019-20 और 2020-21 के लिए एमएसएमई अवार्ड दिए जाएंगे। सभी जिला मुख्यालयों पर कार्यक्रम का सीधा प्रसारण होगा।
आधुनिकीकरण, वित्तीय समाधान, डिजिटल परिवर्तन और अंतरराष्ट्रीय काम्पिटेटिवनेस पर होंगे सत्र
समिट में छह विषयगत सत्र होंगे, जिनमें प्रौद्योगिकी हस्तांतरण से एमएसएमई का आधुनिकीकरण, एमएसएमई के लिए वित्तीय समाधान के नए आयाम, क्लस्टर विकास, एमएसएमई को परिस्थितिकी अनुरूप समर्थ बनाना, अंतरराष्ट्रीय काम्पिटेटिवनेस बढ़ाना, उद्यमिता के माध्यम से महिला सशक्तिकरण और एमएसएमई के लिए डिजिटल परिर्वतन की आवश्यकता विषयों पर चर्चा होगी।
समिट में संयुक्त राष्ट्र औद्योगिक विकास संगठन के भारत प्रतिनिधि रेने वान बर्कल, फिक्की फ्लो की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुधा शिवकुमार, कोप्पल टॉय क्लस्टर के सीईओ किशोर राव, राष्ट्रीय अनुसंधान विकास निगम के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक कमोडोर अमित रस्तोगी, भारतीय लोक प्रशासन संस्थान के महानिदेशक (सेवानिवृत्त) सुरेंद्र नाथ त्रिपाठी, लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष महेश गुप्ता, केन्द्र सरकार के पूर्व सचिव डॉ. राजन कटोच और दलित चैम्बर्स आफ कामर्स इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष मिलिंद कामले शामिल होंगे। कार्यक्रम के नॉलेज पार्टनर अर्नस्ट एण्ड यंग और अकादमिक पार्टनर आईआईएम इंदौर है। इन्वेस्ट इंडिया, एसोचैम इंडिया, सीआईआई, फिक्की, पीएचडी चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्री और डिक्की भी कार्यक्रम में सहभागी हैं।
