गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि देश के तटवर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा अति आवश्यक है। उन्होंने सीमाओं पर शांति सुनिश्चित करने के लिए वहां आधारभूत सुविधाओं के प्रति देश की कटिबद्धता दोहराई।
कच्छ जिले में कोटेश्वर में सीमा सुरक्षा बल की मूरिेंग प्लेस की आधारशिला रखने और नवनिर्मित चिड़ियामोड़ ब्यारबेट संपर्क मार्ग तथा हरामी नाला में ओपी टॉवर को वर्चुअल रूप से उद्घाटन करने के बाद आयोजित सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने ये बात कही। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि इन तीनों परियोजनाओं पर कुल 360 करोड़ रूपये खर्च होंगे। इससे अंतर्राष्ट्रीय सीमाओं पर निगरानी रखने में मदद मिलेगी।
श्री शाह ने कहा कि राष्ट्र की रक्षा में लगे सुरक्षाकर्मियों के परिवारों के कल्याण के प्रति सरकार पूरी तरह सजग है। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले नौ वर्षों के दौरान चिकित्सा, आवास और शिक्षा सुविधाओं में बढ़ोतरी की गई है।
सीमा सुरक्षा बल के महत्व पर जोर देते हुए श्री शाह ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने सबसे पहले एक सीमा एक बल के सिद्धांत को पेश किया था। श्री शाह ने कहा कि विषम परिस्थितियों के बावजूद सीमा सुरक्षा बल ने सीमाओं की रक्षा में बहुमूल्य योगदान किया है।
श्री शाह आज बाद में हरामीनाला क्षेत्र का दौरा करेंगे और भुज जेल में ट्रांसफॉरमेशन@75 प्रोग्राम में शामिल होंगे।
श्री शाह दो दिन के दौरे पर गुजरात गए हुए हैं। आज सुबह उन्होंने कच्छ में गांधीधाम में ईफको नैनो यूरिया संयंत्र की आधाकशिला रखी। वहां उन्होंने प्रकृतिक खेतीबाड़ी के रूप में एक और हरित क्रांति लाने की जरूरत पर बल दिया ताकि खाद्य उत्पादन में आत्मनिर्भरता सुनिश्चित हो और भूमि की उपजाउ क्षमता बनी रहे।