रामनगर, 29 मार्च । जी-20 देशों के बीच वैज्ञानिक आदान-प्रदान और नीति निर्माण के लिए आयोजित सम्मेलन अगली बार ब्राजील में मिलने के आह्वान के साथ संपन्न हो गया है। सम्मेलन में चार विषयों पर चर्चा हुई और देशाें के प्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे।
उत्तराखंड के रामनगर में स्थित ताज रिजॉर्ट में हुए इस सम्मेलन की अध्यक्षता भारत के प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार डॉ अजय सूद ने की और इसमें 18 देशों के 51 प्रतिनिधियों के अलावा कई अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के प्रतिनिधि भी शामिल रहे।
कार्यक्रम के बाद मीडिया से वार्ता के दौरान डॉ अजय सूद ने सम्मेलन को सफल बताया और कहा कि भविष्य में विज्ञान और प्रौद्योगिकी के लाभों को लेकर नीति निर्माण और विश्व बिरादरी के वैज्ञानिकों को एक मंच पर लाकर भविष्योन्मुख रणनीति पर काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जी-20 में पहली बार प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकारों का सम्मेलन हुआ है और यह भारत की अध्यक्षता के बाद की एक बड़ी उपलब्धि है।
उन्होंने कहा कि सम्मेलन में वन हेल्थ एक बड़े विषय के रूप में चर्चा में रहा। कोरोना महामारी के बाद भविष्य में मानव स्वास्थ्य के लिए परिवेश के अध्ययन और सर्विलांस पर जोर दिया गया। बेहतर रोग नियंत्रण और महामारी की तैयारी के लिए एक स्वास्थ्य में अवसर तलाशे जायेंगे। इसके लिए 11 विभाग आगामी चर्चा में शामिल होंगे। दूसरा मुद्दा विज्ञान और प्रौद्योगिकी से जुड़े अनुसंधानों को सर्वसुलभ बनाए जाने का था ताकि नए आविष्कारों और खोज के बारे में जानकारी आसानी से मिल सके।
डॉ सूद ने कहा कि जनजातीय समुदायों और अल्पसंखयक समूहों के पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण और उसे मुख्यधारा में लाए जाने पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि दुनिया के देशों के बीच एक वैज्ञानिक तालमेल और एकीकृत आधारभूत वैज्ञानिक संरचना बनाने पर सहमति जताई गई। विश्व स्तर पर प्रयासों के बीच विज्ञान एवम प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में विविधता, समानता लाना। वैज्ञानिकों ने बदलते मौसम को एक बड़ा कारण माना, जिससे स्वास्थ्य पर भी असर पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि इस सम्मेलन का उद्देश्य विद्वानों के वैज्ञानिक ज्ञान तक पहुंच का विस्तार करने के लिए वैश्विक प्रयासों को सक्रिय करना; विज्ञान और प्रौद्योगिकी (एस एंड टी) में विविधता, इक्विटी, समावेशन और पहुंच और समावेशी, सतत और क्रिया-उन्मुख वैश्विक एस एंड टी नीति संवाद के लिए एक संस्थागत तंत्र करना है। बैठक में तय हुआ कि ब्राजील में अगली बैठक में इन्हीं मुद्दों पर भावी रणनीति और नए विषय रखे जायेंगे। पत्रकार वार्ता में उनके साथ प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार की सचिव डॉ मनी, विदेश मंत्रालय के नमन कुमार भी शामिल रहे। सभी प्रतिनिधि 30 मार्च को सुबह कॉर्बेट नेशनल पार्क में सफारी के बाद लौट जायेंगे।
