संक्रांति पर चीनी नहीं, गुड़ से बनाएं रसीले और हेल्दी मालपुआ
मकर संक्रांति के पर्व पर तिल-गुड़ के लड्डू का विशेष महत्व होता है, लेकिन अगर आप इस बार कुछ नया और स्वादिष्ट ट्राय करना चाहती हैं तो गुड़ के मालपुआ एक बेहतरीन विकल्प हैं। सर्दियों के मौसम में चीनी की जगह गुड़ का उपयोग सेहत के लिए ज्यादा फायदेमंद माना जाता है।
गुड़ शरीर को गर्मी देता है और पाचन भी बेहतर करता है। ऐसे में मकर संक्रांति को और खास बनाने के लिए घर पर बनाएं गुड़ से तैयार रसीले मालपुआ।
इन मालपुओं को मैदे की जगह गेहूं के आटे से तैयार किया जाता है, जिससे ये और भी हेल्दी बन जाते हैं। सौंफ और इलायची की खुशबू इसका स्वाद कई गुना बढ़ा देती है।
सबसे पहले गुड़ को गुनगुने दूध या पानी में घोलकर छान लिया जाता है, फिर उसमें गेहूं का आटा, कुटी सौंफ और इलायची मिलाकर चिकना घोल तैयार किया जाता है। बैटर को कुछ देर आराम देने के बाद घी में मीडियम आंच पर मालपुए तले जाते हैं।
जब मालपुए दोनों तरफ से सुनहरे और कुरकुरे हो जाएं, तो इन्हें निकालकर ऊपर से कटे बादाम-पिस्ता से सजाएं। ये गुड़ के मालपुआ स्वाद में तो लाजवाब होते ही हैं, साथ ही संक्रांति के पर्व पर सेहत और मिठास दोनों का परफेक्ट मेल भी हैं।
